डिंगल पर काव्य खंड

काव्य खंड44

कळायंण

सत्येंद्र चारण

कुकवि-बत्तीसी

बांकीदास आशिया

राजगढ नगर वरणाव

जाचीक जीवण

छंद करणी जी रौ

रामदान बारहठ ‘सांगड़’

कायर-कुजस

बांकीदास आशिया

गींदोली-हरण

बादर ढाढ़ी

सूम-सतक

ऊमरदान लालस

शिव वंदना

सत्येंद्र चारण

राम-रावण जुद्ध वरणाव

रामदान बारहठ ‘सांगड़’

देवियांण

ईसरदास बारहठ

संत-असंत सार

ऊमरदान लालस

वन गमन

माधवदास दधवाड़िया

छंद - 1971 रै जुद्ध रौ

भांवरदान बारहठ ‘भांण’

धनुष भंजन

माधवदास दधवाड़िया

मतीरे री राड़

काशी छंगाणी

रळतळी

बादर ढाढ़ी

मोह-मर्दन

बांकीदास आशिया

विनायक रौ छंद

मेहा बीठू

हरिरस

ईसरदास बारहठ

करणी माताजी रौ छंद

भांवरदान बारहठ ‘भांण’

भीष्म पितामह जुद्ध वरणाव

प्रवीण बारहठ ‘सांगड़’

राम-जानकी विवाह

माधवदास दधवाड़िया

चौमासौ

पीरदान लालस

लक्ष्मण - मेघनाद जुद्ध वरणाव

प्रवीण बारहठ ‘सांगड़’

परमेसर पुराण

पीरदान लालस

कृपण-पच्चीसी

बांकीदास आशिया

चूंडा रो उदय

बादर ढाढ़ी

धवळ-पच्चीसी

बांकीदास आशिया

असन्तां री आरसी

ऊमरदान लालस

देस दरपण

शंकरदान सामौर

सीता बियोग

माधवदास दधवाड़िया

करणी जी रौ कवित्त

केसरी सिंह सौदा

श्री शंकर स्तुति

रामदान बारहठ ‘सांगड़’

जालौर वरणाव

पद्मनाभ

तनोटराय माताजी रौ छंद

भांवरदान बारहठ ‘भांण’