डिंगल पर दूहा

दूहा107

जवइ तुहाळइ काळि

शिवदास गाडण

जंग नगारां जाण रव

सूर्यमल्ल मीसण

वाही रांण प्रतापसी

पृथ्वीराज राठौड़

पातळ घड़ पतसाह री

पृथ्वीराज राठौड़

दक्खिण उतर देस

शिवदास गाडण

पाताळ जो पतिसाह

पृथ्वीराज राठौड़

आज जोधगढ़ ऊमणौ

जग्गा भाट

बीकम बरसां बीतियों

सूर्यमल्ल मीसण

ज खल भग्गा तो सखी

सूर्यमल्ल मीसण

धर वांकी दिन पाधरा

पृथ्वीराज राठौड़

कै तौ धव रण जीतिया

नाथूसिंह महियारिया

कटै न को दिन काटियां

नाथूसिंह महियारिया

खग-कूंची जादू करै

नाथूसिंह महियारिया

रोवै रजपूती

भभूतदान

नीला री खुरताळ पर

नाथूसिंह महियारिया

वा दिस सखी! सुहावणी

नाथूसिंह महियारिया

साथण ढोल सुहावणौ

सूर्यमल्ल मीसण

खग तौ अरियां खोसली

नाथूसिंह महियारिया

दमँगल बिण अपचौ

सूर्यमल्ल मीसण

सुत मरियौ हित देस रै

नाथूसिंह महियारिया

हेली धव चढिया हमैं

नाथूसिंह महियारिया

कंत न मावै कवच में

नाथूसिंह महियारिया

पाताळ खाग प्रवाण

पृथ्वीराज राठौड़

राजा मांन सकतसी

गिरधर आसिया

महिषासुर जू माइ

शिवदास गाडण

अकबर वाली आपरै

गिरधर आसिया

अइ रे अकबरियाह

पृथ्वीराज राठौड़

सूतो देवर सेज रण

सूर्यमल्ल मीसण