ओळमौ पर कवितावां

हर भाषा रै साहित्य में

हर विसै सूं एक शिकायत प्रगट करी जावै, कविता अर लोक में उणनै 'ओळमौ'कैवै। अठै प्रस्तुत चयन रौ आधार ओळमौ है।

कविता125

राजमहलां सांभळौ

तेजस मुंगेरिया

पांखी री पीड़

भगवती लाल व्यास

तूं

सत्य पी. गंगानगर

छेकलो

जय व्यास

बिरहण

भवानीसिंह राठौड़ 'भावुक’

अंतस रो ओळमो

देवीलाल महिया

रसोई

कमल किशोर पिपलवा

काल अर आज

ज़ेबा रशीद

चमचो

अनुज श्रीमाली ‘भाल कवि’

म्हूं बापड़ौ

मोड़सिंह बल्ला ‘मृगेन्द्र’

बाड़

देवीलाल महिया

बलम म्हारो

कृष्णा आचार्य

विरोधाभास

सूर्यशंकर पारीक

रंगमंच

लक्ष्मीनारायण रंगा

सालीणौ इम्तहान

राजेन्द्र शर्मा 'मुसाफिर'

ओळख

कुमार अजय

पग-फेरो

रोशनलाल कटारिया

भटकाया

मुखराम माकड़ ‘माहिर’

नागो पूत

कृष्ण कुमार स्वामी

अतीत

ज़ेबा रशीद

प्रेम रो पीळास

आशीष पुरोहित

चुभता चोपदा

भंवरलाल पांडेय ‘प्रमोद’

भौम चावना

इन्द्रा व्यास

कांईं ठां

विक्रमसिंह गून्दोज

चालतोई चाल

वासु आचार्य

मांटी रो चूलो

भानसिंह शेखावत ‘मरूधर’

गांव

कमल किशोर पिपलवा

थे

रूपसिंह राठौड़

अैनांण

आशीष पुरोहित

पिछाण

कैलाश मंडेला

अरजी पंचां की

नयनूराम शर्मा

दुनियादारी

नन्दकिशोर चतुर्वेदी

मारग चालण में फरक

अमृतसिंह पंवार

तिरस अर समन्दर

सुरेन्द्र अंचल

वृद्धा-रूप

कल्याण गौतम

टापरी

रमेश मयंक

दंगां रै पछै

श्यामसुंदर भारती

रेत

प्रेम शर्मा

कद तांईं

गोरधन सिंह शेखावत

सांस बदळै

बस्तीमल सोलंकी भीम

रात

अशोक परिहार 'उदय'

हेताळू

कमर मेवाड़ी

छूट

राणुसिंह राजपुरोहित

ममता रा मोती बांटो

त्रिलोक गोयल

अेकलो क्रिसन

हलीम ‘आईना’