लोक पर लोकगीत

सबदकोसां में लोक रौ

अरथ घणै अरथां में लेईज्यौ है। कठैई इणरौ अरथ 'प्रजा' मानीज्यौ है तो कठैई 'मानखै' रै अरथ में इणनै लीरीज्यौ है। अठै प्रस्तुत रचनावां लोक सबद रै आखती-पाखती रचियोड़ी है।

लोकगीत107

गोरबंद

लोक परंपरा

कुरजां

लोक परंपरा

तालरिया मगरिया

लोक परंपरा

कुवे पर एकली ऐ

लोक परंपरा

उमराव

लोक परंपरा

चिरमी

लोक परंपरा

नैणा रा लोभी

लोक परंपरा

केशरिया बालम

लोक परंपरा

नारेळौ

लोक परंपरा

बांवळियौ

लोक परंपरा

हींडौ

लोक परंपरा

नारंगी

लोक परंपरा

सेवरो

लोक परंपरा

कुरजां

लोक परंपरा

चरखौ

लोक परंपरा

लेली

लोक परंपरा

हळदी

लोक परंपरा

बादळी

लोक परंपरा

पेसारा

लोक परंपरा

चौमासौ

लोक परंपरा

जीरो

लोक परंपरा

कूकड़ौ

लोक परंपरा

अंबाबाड़ी

लोक परंपरा

धूमालड़ी

लोक परंपरा

बड़ला

लोक परंपरा

घोड़ी

लोक परंपरा