(1)
बिरह बणथे ई दाझो डील।मेळो,रति-काम नै।बुझो,तो सुझावोराह स्त्रजण री।
(2)
गिटूंकाचा-पाकाकन्द, मूळ, फळ, अन्नभरूंनिज ओदर।‘सिया’ थेम्हारै अन्तर घट बैठपकाओ ‘राम’ रसोई।(3)
थे तपावोतपूंजागै जळ-ईंच्छा।जळ,जीव रो जलम।