हड़ताल
म्हारो मन
सूनो-सूनो है
ज्यूं बाजार में
पड़गी है पड़ताल।
म्हारो दरद
सट्टै रै भाव दांई
दुगणो-चौगणो
बढ़तो जावो।
थूं नीं जाणै
कठै गमगी
म्हैं थनै
सोधतो बावळौ होग्यो।
करतार अैड़ो
दियो साथ कै
जींवतो-जागतो भी
मरियो जैड़ो होग्यो।
म्हारो तनड़ो
जोवै सांसां
जिकी है थारै कनै
पड़ी अडांणी।