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साइट: परिचय
संस्थापक: परिचय
अंजस सोशल मीडिया
इहिं ओषधतै साध सब
बखना जी
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इहिं
ओषधतैं
साध
सब,
अनत
उधारी
देह।
कोई
कुपछ
का
फेर
है,
नहीं
त
ओषद
येह॥
स्रोत
पोथी
: बखना जी की वाणी
,
सिरजक
: बखना जी
,
संपादक
: मंगलदास स्वामी
,
प्रकाशक
: लक्ष्मीराम ट्रस्ट, जयपुर
,
संस्करण
: प्रथम
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