राजस्थानी सबदकोस

राजस्थानी सबदां रो अरथ पिछाणन अर जाणन रै वास्तै राजस्थानी डिक्शनरी में अठै आपणों सबद लिखो अर ई शब्दकोश रै जरिये जुड़ो।

गगन रो राजस्थानी अर्थ

  • शब्दभेद : सं.पु.

शब्दार्थ

  • आकाश, आसमान (डिं.को.)
  • छप्पय छंद का 61 वां भेद जिसमें 10 गुरु और 132 लघु सहित 142 वर्ण या 152 मात्राएं होती हैं (र.ज.प्र.)