ओ परेम

बरूट है कांई

आ चाव

बाखड़ी है कांई

आ अचपकी री मुळक

तुम्बै री बैल है कांई

सोधूं अर सोधतो रैवूं

ओ परेम है कांई।

स्रोत
  • पोथी : थार सप्तक (दूजो सप्तक) ,
  • सिरजक : गौरीशंकर ,
  • संपादक : ओम पुरोहित ‘कागद’ ,
  • प्रकाशक : बोधि प्रकाशन
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