जापानी भले ही थनै सुनामी कैवौ

पण थारा बोदा मिनख मारणा

लखण देख'र

मैं तो थारौ नाम, कुनामी ही राखूंला।

थारै कुमाणसी कुकर्‌मां रौ जळजळौ,

थारी विनासकारी भूकम्पी

पचास फिट सूं ऊंची लेहरां,

इतर-इतर'र उचक-उचक'र उछळ-उछळ

नै बैवाय लेयगी

अणगिण परिवारां नै भख बणाया

अलेखूं मिनख, रूंख ढांडा, पंखेरूआं नै,

मचा दी त्राही-त्राही

कर गई बेशुमार बरबादी—

दक्षिण पूर्वी एशिया रै समुद्री किनारां मांय।

अंडमान, चैनई, सुमात्रा, श्रीलंका अर पांडेचरी रा

मनमोवणा, फूटरा समुद्री किनारा नै

कर दिया तूं उजाड़—जीव-जन्त-रूंख विहूण।

अरे कुनामी कलंकणी तूं धाप'र

नागी नाची अर तापड़-धिन्न मचायौ।

हे! मिनख मारणी, छिंदगाळी, हित्यारण

थनै म्हैं सुनामी किकर कैऊं?

थारै कुकर्‌मां रै विनास रौ लेखौ

आखै दक्षिण पूर्‌वी अेशिया रै समुद्री किनारां रा

उजाड़ पड़िया, मसाणां मांय बदळियोड़ा गांव

कूक-कूक नै कैवै, सिसक-सिसक अर डुसका भरता

थनै भूंडै, पण तूं! बेशरम नकटी

पूरै पखवाड़े रैह-रैह नै

इतरयोड़ी नागी नाची अर राफट-रौळ मचाई

जिणरी बरबादी रौ हिसाब

तो बेहिसाब है,

जिण रौ सुराख तौ, जिंदगाणी कांई

मौत भी नीं लगा सकी।

पण, हे! बिगडैल, बुरीगारणी, सत्यानाशी कुनामी!

तूं कित्ती ही बैच्छाड़ अर औटाळ व्हौ

मानखौ थारै आगै कदै हारेला,

कदै टूटेला अर कदै झुकेला

भलै व्हौ बेघर, भूखौ तिरसौ ही

भलेई लासां बिछ्योड़ी है, कै लापता है

पण, जिका भी बचियोड़ा है,

वै पाछा संभळैला

जात-पात अर ऊंच-नीच रा

सगळा भेद भुला'र

नवै सिरै सूं जीवण नै बिड़दावेला

देस-परदेस रौ सगळौ मानखौ

पीड़ा रै इण कठिन समै में

अेक दूजा नै धीरप अर आस बंधावै

मिनखपणा रौ पाठ पढावै इण पीड़ा सूं कदै हारै।

जीवण पाछौ चालेला

नव सिरजण हो जावेला

नवै सिरै सूं नवी संरचना

बैगी ही कर लेवेला

भूख, बिमारी, प्रलय तौ

पैली भी कैई आया

पण, मानखौ कदै झुकियौ

कदै डरियौ, कदै डिगियौ,

नवी शक्ति अर नवी उमंग सूं

नव सिजरण में लागोड़ौ है

जीवन तो नित नूतन आशा

नव सिरजण रौ नाम है।

दुखड़ां री इण कठिन घड़ी में

मिनखपणां रौ पड़चौ देतां

सगळी दुनिया साथै है

मानखै रै जीवट सामी जिजीविषा सामी

तूं तौ सेवट हारी है

हे! कुनामी हत्यारण!!

मिनख थनै कदैई नीं धारी है

और आगे भी, नीं धारेला।

स्रोत
  • पोथी : बिणजारो ,
  • सिरजक : तारालक्ष्मण गहलोत ,
  • संपादक : नागराज शर्मा ,
  • प्रकाशक : बिणजारो प्रकाशक पिलानी (राज.) ,
  • संस्करण : 26
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