आजकाल

आदमी हो ग्यो छै घणौ ‘प्रेक्टीकल’

कोई कतणौ सकै छै काम

कर सकै छै कतणी सिफारिश

ऊं कै अनुसार

राखी जावै छै ऊं सूं

दुआ-सलाम

हाथ मलाबा को ढंग

माथौ झुकाबा को कोण

जै-राम-जी की करबा की स्टाइल

चाय-पाणी-नास्तो सब

ईं बात पै करै छै ‘डिपेण्ड’।

स्रोत
  • पोथी : बिणजारो ,
  • सिरजक : कृष्णा कुमारी ,
  • संपादक : नागराज शर्मा ,
  • प्रकाशक : बिणजारो प्रकाशन पिलानी (राजस्थान) ,
  • संस्करण : अंक-28
जुड़्योड़ा विसै