सत्ता पर ग़ज़ल

ग़ज़ल3

देखो तो म्हारै देस में आवै समाजवाद

रामेश्वर दयाल श्रीमाली

ऐ खिलाड़ी बावळा है

रामेश्वर दयाल श्रीमाली

भौत निभी, अब भी निभरी

हरफूलसिंह ‘रसिक’