सुपनो-

कदै साव छलावो

तो कदै जगावै

जीवण री आस।

स्रोत
  • पोथी : अैनांण ,
  • सिरजक : आशीष पुरोहित ,
  • प्रकाशक : गायत्री प्रकाशन
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