चल्यौ जु सेख राव पहँ बनाय साज कीनयं।
तुरंग पंच नाग एक साज साजि लीनयं॥
कमाँन दोय टंकनो सु देस मुल्लताँन की।
कृपाँन एक बेस देस पालकी सुजाँन की॥