आपां पर्यावरण नै ना बचावांगा।
तो आक्सीजन कठै स्यूं पावांगा।
मर स्यां घुट-घुट गै दम।
फेर ही कोनी होसी जनसंख्या कम।
पेड़ां स्यूं तो आपां जीवंता रह्या
जद ही पुराणै टेम स्यूं पेड़ां नै सींचा हां
लोगां मांय होरी है पेड़ काटणै री होड
पेड़ काटण खातर कैई फुड़ावै सिर अर
कैई फुड़ावै भोड
है अै सब लोग लालची
मन मांय राखै कांटल्यां आ किंकर काळती
अरै भायलो थे अब बण ज्याओ स्याणा
थे छोड़ द्यो अै काम करना माड़ा।