मु जोवूं तमारी वाट राइवर आवो तो खरा।
हूनो पनगट हूना घाट राइवर आवो तो खरा।

1

वना तमारे हरते कापू दाडो खावा आवे।
मोडी रातर याद तमारी घणी घणी रोवाडे।
आपडू वालू मूंडू म नै वताडो तो जरा।
मु जोवूं तमारी वाट राइवर आवो तो खरा।

2

मने अेकली अेकली खेतरे, जावा नू ने थाय।
मारो मयलो जोई तमनै घणो घणो पोमाय।
वगर जोअे तमनै माणीगर, थईगई आज तरा।
मु जोवूं तमारी वाट राईवर आवो तो खरा।

3

मेरा मअे हाते जातं नै ममरी भजियं खातं।
रंग रसिया मांअे ऊसं बेही गीत मजा ऊं गातं।
मने अेकली जोई तमतो करता घणा बरा।
मु जोवूं तमारी वाट राइवर आवो तो खरा।

4

ढोल ने कूंडा वाजें आव्यो होरी नो तेवार।
जोबनियू जरवातू ने है झट आवौ भरतार।
खेतर लेराब्बा लागू है पाकी गई हरा।
मु जोवूं तमारी वाट राइवर आवो तो खरा।
स्रोत
  • पोथी : जागती जोत (मई 2023) ,
  • सिरजक : रमेशचन्द्र चौबीसा ,
  • संपादक : मीनाक्षी बोराणा ,
  • प्रकाशक : राजस्थानी भाषा, साहित्य एवं संस्कृति अकादमी बीकानेर
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