विस्नु नाम चौरासी मिटै, महाकाल भैव जाय।

सुख सागर जीवन मुक्त, अभै परम पद आय॥

विष्णु के नाम स्मरण से चौरासी लाख जीव योनियों से बचा जा सकता है साथ ही महाकाल का भय भी मिट जाता है। जीवन मुक्त होकर सुख सागर को प्राप्त करता है तथा अभय परम पद की प्राप्ति होती है।

स्रोत
  • पोथी : ऊदोजी अड़ींग की बाणी ,
  • सिरजक : ऊदोजी अड़ींग ,
  • संपादक : आचार्य कृष्णानंद ,
  • प्रकाशक : जांभाणी साहित्य अकादमी, बीकानेर ,
  • संस्करण : प्रथम
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